MP Board 10th Hindi Kavya Khand MCQ
कक्षा 10 की हिंदी पाठ्यपुस्तक ‘क्षितिज भाग-2’ (काव्य खंड) के सभी अध्यायों (सूरदास, तुलसीदास, जयशंकर प्रसाद, सूर्यकांत त्रिपाठी ‘निराला’, नागार्जुन और मंगलेश डबराल) के सौन्दर्य बोध (शिल्प, अलंकार, भाषा, बिंब) तथा भाव एवं विषय वस्तु पर आधारित 50 महत्वपूर्ण बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) यहाँ दिए गए हैं:
सूरदास (भ्रमरगीत)
- सूरदास के पदों (भ्रमरगीत) में मुख्य रूप से किस रस की प्रधानता है?
(A) संयोग शृंगार
(B) वियोग शृंगार
(C) वात्सल्य रस
(D) शांत रस
सही उत्तर: (B) वियोग शृंगार - ‘पुरइनि पात रहत जल भीतर, ता रस देह न दागी।’ – इसमें कौन-सा अलंकार है?
(A) रूपक
(B) यमक
(C) उपमा / दृष्टांत
(D) श्लेष
सही उत्तर: (C) उपमा / दृष्टांत - ‘गुर चाँटी ज्यौं पागी’ पंक्ति में गोपियों का कौन-सा भाव व्यक्त हुआ है?
(A) कृष्ण के प्रति एकनिष्ठ और अटूट प्रेम
(B) उद्धव के प्रति क्रोध
(C) मथुरा जाने की इच्छा
(D) वैराग्य की भावना
सही उत्तर: (A) कृष्ण के प्रति एकनिष्ठ और अटूट प्रेम - सूरदास के पदों की काव्य-भाषा कौन-सी है?
(A) खड़ी बोली
(B) अवधी
(C) मैथिली
(D) ब्रजभाषा
सही उत्तर: (D) ब्रजभाषा - ‘हमारैं हरि हारिल की लकरी।’ – ‘हारिल की लकड़ी’ यहाँ किस विषय का प्रतीक है?
(A) योग साधना का
(B) कमजोर सहारे का
(C) दृढ़ निश्चय और अनन्य प्रेम का
(D) मथुरा के राजा का
सही उत्तर: (C) दृढ़ निश्चय और अनन्य प्रेम का - ‘मन की मन ही माँझ रही।’ – इस पंक्ति में गोपियों की कौन-सी विवशता झलपती है?
(A) वे कृष्ण से लड़ नहीं सकतीं
(B) वे अपनी प्रेम-व्यथा और अभिलाषाएँ किसी से कह नहीं पा रही हैं
(C) वे उद्धव को हरा नहीं पा रही हैं
(D) वे मथुरा नहीं जा सकतीं
सही उत्तर: (B) वे अपनी प्रेम-व्यथा और अभिलाषाएँ किसी से कह नहीं पा रही हैं - ‘सुनत जोग लागत ऐसौ, ज्यौं करुई ककरी।’ – इस पंक्ति में ‘ज्यौं’ के प्रयोग से कौन-सा अलंकार उत्पन्न हुआ है?
(A) उत्प्रेक्षा / उपमा
(B) रूपक
(C) अनुप्रास
(D) मानवीकरण
सही उत्तर: (A) उत्प्रेक्षा / उपमा - सूरदास के इन पदों की शैली मुख्य रूप से कैसी है?
(A) वर्णनात्मक
(B) व्यंग्यात्मक (उपालंभ)
(C) स्तुतिपरक
(D) उपदेशात्मक
सही उत्तर: (B) व्यंग्यात्मक (उपालंभ)
तुलसीदास (राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद)
- ‘राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद’ में मुख्य रूप से किन रसों का अद्भुत समन्वय देखने को मिलता है?
(A) शांत और करुण
(B) वीर और हास्य (व्यंग्य)
(C) वात्सल्य और भयानक
(D) शृंगार और वीभत्स
सही उत्तर: (B) वीर और हास्य (व्यंग्य) - ‘कोटि कुलिस सम बचनु तुम्हारा।’ – काव्य-सौन्दर्य की दृष्टि से इसमें कौन-सा अलंकार है?
(A) उपमा
(B) यमक
(C) श्लेष
(D) उत्प्रेक्षा
सही उत्तर: (A) उपमा - तुलसीदास जी ने इस संवाद की रचना किन छंदों में की है?
(A) सवैया और कवित्त
(B) दोहा और चौपाई
(C) रोला और उल्लाला
(D) पद और कुंडलियाँ
सही उत्तर: (B) दोहा और चौपाई - ‘इहाँ कुम्हड़बतिया कोउ नाहीं।’ – यहाँ ‘कुम्हड़बतिया’ किस भाव को प्रकट करने के लिए प्रयुक्त हुआ है?
(A) वीरता का भाव
(B) निर्बलता और कमज़ोरी का प्रतीक
(C) फल की खेती
(D) साधु का स्वभाव
सही उत्तर: (B) निर्बलता और कमज़ोरी का प्रतीक - ‘सुनि सरोष भृगुबंसमनि बोले गिरा गंभीर।’ – इस पंक्ति में किस अलंकार की छटा है?
(A) अनुप्रास
(B) यमक
(C) श्लेष
(D) अतिशयोक्ति
सही उत्तर: (A) अनुप्रास - इस प्रसंग की भाषा कौन-सी है, जिसमें कोमलता और कठोरता दोनों का निर्वाह हुआ है?
(A) ब्रजभाषा
(B) अवधी
(C) बुंदेली
(D) खड़ी बोली
सही उत्तर: (B) अवधी - ‘गर्भन्ह के अर्भक दलन परसु मोर अति घोर।’ – इस पंक्ति के माध्यम से परशुराम का कौन-सा भाव मुखरित हुआ है?
(A) वात्सल्य
(B) क्षमा
(C) उग्रता, अहंकार और क्रोध
(D) भय
सही उत्तर: (C) उग्रता, अहंकार और क्रोध - लक्ष्मण के संवादों की मुख्य विशेषता क्या है?
(A) अत्यधिक भयभीत होना
(B) व्यंजना शैली और वाक्चातुर्य
(C) केवल शांत रहना
(D) क्षमा माँगना
सही उत्तर: (B) व्यंजना शैली और वाक्चातुर्य - ‘नाथ संभुधनु भंजनिहारा’ पंक्ति में राम का कौन-सा भाव प्रकट होता है?
(A) शील और विनय (विनम्रता)
(B) क्रोध
(C) अहंकार
(D) कायरता
सही उत्तर: (A) शील और विनय (विनम्रता)
जयशंकर प्रसाद (आत्मकथ्य)
- प्रसाद जी की कविता ‘आत्मकथ्य’ किस काव्य-धारा की प्रतिनिधि रचना है?
(A) प्रगतिवाद
(B) प्रयोगवाद
(C) छायावाद
(D) रीतिकाल
सही उत्तर: (C) छायावाद - ‘यह लो, करते ही रहते हैं अपना व्यंग्य-मलिन उपहास’ – इसमें कौन-सा भाव निहित है?
(A) समाज की संवेदनहीनता और दूसरों की कमियों पर हँसने की प्रवृत्ति
(B) लोगों की खुशी
(C) कवि का अहंकार
(D) मित्रों का सम्मान
सही उत्तर: (A) समाज की संवेदनहीनता और दूसरों की कमियों पर हँसने की प्रवृत्ति - ‘गागर रीती’ (खाली घड़ा) किसका सुंदर और सटीक प्रतीक है?
(A) पानी की कमी का
(B) कवि के अभावग्रस्त और साधारण जीवन का
(C) धनवान होने का
(D) अज्ञानता का
सही उत्तर: (B) कवि के अभावग्रस्त और साधारण जीवन का - ‘अनुरागिनी उषा लेती थी निज सुहाग मधुमाया में।’ – इस पंक्ति में प्राकृतिक उपादान पर मानवीय क्रियाओं के आरोपण से कौन-सा अलंकार बना है?
(A) यमक
(B) मानवीकरण
(C) श्लेष
(D) अतिशयोक्ति
सही उत्तर: (B) मानवीकरण - ‘आत्मकथ्य’ कविता का मूल विषय (Theme) क्या है?
(A) अपनी महानता का वर्णन
(B) जीवन के यथार्थ, अभाव और विनम्रता की स्वीकारोक्ति
(C) प्रकृति का सुंदर वर्णन
(D) समाज का विरोध
सही उत्तर: (B) जीवन के यथार्थ, अभाव और विनम्रता की स्वीकारोक्ति - ‘मुरझाकर गिर रहीं पत्तियाँ’ किस दृश्य (बिंब) को प्रस्तुत करती हैं?
(A) वसंत ऋतु का
(B) जीवन की नश्वरता और क्षणभंगुरता (निराशा) का
(C) खुशी का
(D) हरियाली का
सही उत्तर: (B) जीवन की नश्वरता और क्षणभंगुरता (निराशा) का - ‘स्मृति पाथेय बनी है थके पथिक की पंथा की।’ – यहाँ ‘पाथेय’ शब्द का लाक्षणिक अर्थ क्या है?
(A) रास्ते का खाना
(B) जीवन रूपी यात्रा में मीठी यादों का सहारा (संबल)
(C) पैरों की थकान
(D) लंबा रास्ता
सही उत्तर: (B) जीवन रूपी यात्रा में मीठी यादों का सहारा (संबल) - प्रसाद जी की भाषा की प्रमुख विशेषता क्या है?
(A) ग्रामीण शब्दों का प्रयोग
(B) उर्दू-फारसी की अधिकता
(C) संस्कृतनिष्ठ, लाक्षणिक और भावपूर्ण खड़ी बोली
(D) केवल ब्रजभाषा
सही उत्तर: (C) संस्कृतनिष्ठ, लाक्षणिक और भावपूर्ण खड़ी बोली
सूर्यकांत त्रिपाठी ‘निराला’ (उत्साह, अट नहीं रही है)
- ‘उत्साह’ कविता साहित्य की किस विधा के अंतर्गत आती है?
(A) शोक गीत
(B) आह्वान गीत
(C) प्रेम गीत
(D) व्यंग्य कविता
सही उत्तर: (B) आह्वान गीत - ‘उत्साह’ कविता में ‘बादल’ किसका प्रबल प्रतीक है?
(A) बारिश और कीचड़ का
(B) शांति और स्थिरता का
(C) क्रांति, विध्वंस और नवजीवन की चेतना का
(D) केवल प्रकृति की सुंदरता का
सही उत्तर: (C) क्रांति, विध्वंस और नवजीवन की चेतना का - ‘विकल विकल, उन्मन थे उन्मन’ – काव्य-सौन्दर्य की दृष्टि से इसमें कौन-सा अलंकार है?
(A) पुनरुक्ति प्रकाश
(B) यमक
(C) श्लेष
(D) रूपक
सही उत्तर: (A) पुनरुक्ति प्रकाश - ‘विद्युत-छबि उर में’ – यहाँ ‘उर’ शब्द के प्रयोग से क्या भाव प्रकट होता है?
(A) बादलों के हृदय में छिपी क्रांतिकारी ऊर्जा (बिजली)
(B) आकाश का रंग
(C) बारिश का पानी
(D) पेड़ों की जड़ें
सही उत्तर: (A) बादलों के हृदय में छिपी क्रांतिकारी ऊर्जा (बिजली) - ‘तप्त धरा, जल से फिर शीतल कर दो’ का प्रतीकात्मक अर्थ (विषय वस्तु) क्या है?
(A) ज़मीन पर पानी डालना
(B) शोषण और पीड़ा से त्रस्त समाज को नवजीवन (राहत) प्रदान करना
(C) आग बुझाना
(D) बाढ़ लाना
सही उत्तर: (B) शोषण और पीड़ा से त्रस्त समाज को नवजीवन (राहत) प्रदान करना - ‘अट नहीं रही है’ कविता में किस महीने के प्राकृतिक सौंदर्य का वर्णन है?
(A) सावन
(B) भादो
(C) फागुन (वसंत)
(D) आषाढ़
सही उत्तर: (C) फागुन (वसंत) - ‘उड़ने को नभ में तुम पर-पर कर देते हो’ पंक्ति में क्या भाव छिपा है?
(A) पक्षियों का उड़ना
(B) फागुन के सौंदर्य से मन का उल्लास से भर जाना और कल्पना की उड़ान भरना
(C) हवाई जहाज़ का उड़ना
(D) आँधी आना
सही उत्तर: (B) फागुन के सौंदर्य से मन का उल्लास से भर जाना और कल्पना की उड़ान भरना - ‘ललित-ललित, काले घुँघराले’ में नाद-सौंदर्य के साथ कौन-सा भाव झलकता है?
(A) बादलों के डरावने रूप का
(B) बच्चों की कल्पना के समान बादलों के सुंदर रूप का
(C) रात के अँधेरे का
(D) दुख का
सही उत्तर: (B) बच्चों की कल्पना के समान बादलों के सुंदर रूप का - निराला जी ने काव्य-शिल्प में किस नई परिपाटी की शुरुआत की, जो इन कविताओं में भी दिखती है?
(A) दोहा गायन
(B) मुक्त छंद का प्रयोग
(C) गद्य लेखन
(D) संस्कृत श्लोक
सही उत्तर: (B) मुक्त छंद का प्रयोग
नागार्जुन (यह दंतुरित मुसकान, फसल)
- ‘यह दंतुरित मुसकान’ कविता में बच्चे की हँसी को किस रूप में प्रस्तुत किया गया है?
(A) डरावने रूप में
(B) जीवनदायिनी और नीरस जीवन में आशा भरने वाली शक्ति के रूप में
(C) साधारण हँसी के रूप में
(D) व्यंग्यात्मक हँसी
सही उत्तर: (B) जीवनदायिनी और नीरस जीवन में आशा भरने वाली शक्ति के रूप में - ‘छोड़कर तालाब मेरी झोंपड़ी में खिल रहे जलजात’ – ‘जलजात’ (कमल) यहाँ किस सुंदर बिंब का प्रतीक है?
(A) पानी के फूल का
(B) बच्चे की असीम सुंदरता, पवित्रता और मासूमियत का
(C) गरीबी का
(D) कीचड़ का
सही उत्तर: (B) बच्चे की असीम सुंदरता, पवित्रता और मासूमियत का - ‘पिघलकर जल बन गया होगा कठिन पाषाण’ – इस पंक्ति में क्या भाव निहित है?
(A) पत्थर का पानी बन जाना
(B) बच्चे की मधुर मुसकान से कठोर से कठोर हृदय का भी पिघलकर कोमल (स्नेहपूर्ण) हो जाना
(C) बर्फ का पिघलना
(D) गर्मी का बढ़ना
सही उत्तर: (B) बच्चे की मधुर मुसकान से कठोर से कठोर हृदय का भी पिघलकर कोमल (स्नेहपूर्ण) हो जाना - ‘फसल’ कविता का मूल विषय (Core Theme) क्या है?
(A) केवल खेती के तरीके
(B) प्रकृति (हवा, पानी, धूप, मिट्टी) और मानव श्रम के सामूहिक सहयोग का परिणाम
(C) केवल मशीनों का महत्व
(D) नदियों का वर्णन
सही उत्तर: (B) प्रकृति (हवा, पानी, धूप, मिट्टी) और मानव श्रम के सामूहिक सहयोग का परिणाम - ‘एक की नहीं, दो की नहीं…’ की आवृत्ति से कविता ‘फसल’ में क्या उत्पन्न होता है?
(A) लयबद्धता और नाद-सौंदर्य
(B) नीरसता
(C) कठिनता
(D) दुख
सही उत्तर: (A) लयबद्धता और नाद-सौंदर्य - ‘हवा की थिरकन का सिमटा हुआ संकोच’ – इसमें किस सौंदर्य बोध (अलंकार) का प्रयोग हुआ है?
(A) यमक
(B) श्लेष
(C) मानवीकरण / रूपक
(D) दृष्टांत
सही उत्तर: (C) मानवीकरण / रूपक - नागार्जुन की काव्य-भाषा की सबसे बड़ी विशेषता क्या है?
(A) वह अत्यंत क्लिष्ट है
(B) वह जनसामान्य की सहज, सरल और बोलचाल की भाषा है (लोक-संवेदना)
(C) वह केवल संस्कृत में है
(D) उसमें तुकबंदी नहीं होती
सही उत्तर: (B) वह जनसामान्य की सहज, सरल और बोलचाल की भाषा है (लोक-संवेदना) - ‘लाख लाख कोटि-कोटि हाथों के स्पर्श की गरिमा’ में कवि ने किस सामाजिक विषय को रेखांकित किया है?
(A) पूँजीवाद को
(B) कृषि-संस्कृति में किसानों के अथक सामूहिक श्रम के महत्व को
(C) मशीनीकरण को
(D) राजनैतिक भ्रष्टाचार को
सही उत्तर: (B) कृषि-संस्कृति में किसानों के अथक सामूहिक श्रम के महत्व को
मंगलेश डबराल (संगतकार)
- ‘संगतकार’ कविता का मुख्य भाव (Theme) क्या है?
(A) मुख्य गायक की महानता सिद्ध करना
(B) पृष्ठभूमि में रहकर निस्वार्थ सहयोग देने वाले गुमनाम लोगों के प्रति संवेदनशीलता और सम्मान
(C) संगीत के नियम सिखाना
(D) वाद्ययंत्रों की जानकारी देना
सही उत्तर: (B) पृष्ठभूमि में रहकर निस्वार्थ सहयोग देने वाले गुमनाम लोगों के प्रति संवेदनशीलता और सम्मान - ‘मुख्य गायक के चट्टान जैसे भारी स्वर…’ – इस पंक्ति में ‘चट्टान जैसे’ शब्द से कौन-सा अलंकार बनता है?
(A) रूपक
(B) उपमा
(C) मानवीकरण
(D) श्लेष
सही उत्तर: (B) उपमा - ‘जैसे समेटता हो मुख्य गायक का पीछे छूटा हुआ सामान’ – यह दृश्य (बिंब) क्या व्यक्त करता है?
(A) जब गायक राग की जटिलताओं में भटक जाता है, तब संगतकार द्वारा मूल सुर (स्थायी) को सँभाल लेना
(B) मंच की सफाई करना
(C) गायक के कपड़े उठाना
(D) तालियाँ बजाना
सही उत्तर: (A) जब गायक राग की जटिलताओं में भटक जाता है, तब संगतकार द्वारा मूल सुर (स्थायी) को सँभाल लेना - ‘आवाज़ से राख जैसा कुछ गिरता हुआ’ – यह पंक्ति किस स्थित का उत्कृष्ट बिंब (Imagery) प्रस्तुत करती है?
(A) आग बुझने का
(B) तारसप्तक में गाते समय मुख्य गायक के स्वर के टूटने, थकने या उत्साह कम होने का
(C) मंच पर राख गिरने का
(D) गायक के रोने का
सही उत्तर: (B) तारसप्तक में गाते समय मुख्य गायक के स्वर के टूटने, थकने या उत्साह कम होने का - ‘और उसकी आवाज़ में जो एक हिचक साफ़ सुनाई देती है’ – यह ‘हिचक’ किस भाव की परिचायक है?
(A) संगतकार के डर और असफलता की
(B) संगतकार की अज्ञानता की
(C) मुख्य गायक का सम्मान करने की विनम्रता और मनुष्यता की
(D) गले की खराश की
सही उत्तर: (C) मुख्य गायक का सम्मान करने की विनम्रता और मनुष्यता की - मंगलेश डबराल की इस कविता की रचना किस शैली (छंद) में हुई है?
(A) चौपाई
(B) सवैया
(C) मुक्त छंद (तुकांतहीन)
(D) दोहा
सही उत्तर: (C) मुक्त छंद (तुकांतहीन) - ‘तभी मुख्य गायक को ढाँढस बँधाता’ पंक्ति संगतकार की किस विषय वस्तु की ओर इशारा करती है?
(A) संगतकार की निस्वार्थ प्रेरणा और सहयोगी प्रवृत्ति की ओर
(B) संगतकार के क्रोध की ओर
(C) मुख्य गायक की हार की ओर
(D) गाने के खत्म होने की ओर
सही उत्तर: (A) संगतकार की निस्वार्थ प्रेरणा और सहयोगी प्रवृत्ति की ओर - ‘उसे विफलता नहीं, उसकी मनुष्यता समझा जाना चाहिए’ – यह पंक्ति आधुनिक समाज को क्या संदेश (भाव) देती है?
(A) जो पीछे है वह असफल है
(B) प्रसिद्धि से दूर रहकर किसी और को आगे बढ़ाने का त्याग कमजोरी नहीं, बल्कि सच्ची इंसानियत (मानवीयता) है
(C) संगीत सीखना बेकार है
(D) हमेशा स्वयं को आगे रखना चाहिए
सही उत्तर: (B) प्रसिद्धि से दूर रहकर किसी और को आगे बढ़ाने का त्याग कमजोरी नहीं, बल्कि सच्ची इंसानियत (मानवीयता) है